Category: up

  • सीबीआई अधिकारी बताकर महिला से मारपीट-ब्लैकमेलिंग:महिला समेत 4 गिरफ्तार ;चंदौली में बंधक बनाकर अश्लील वीडियो बनाया

    चंदौली जिले की मुगलसराय कोतवाली पुलिस ने महिलाओं को नौकरी या मकान दिलाने का झांसा देकर बंधक बनाने और अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मामले में एक महिला समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि गिरोह महिलाओं को बंधक बनाने के बाद उनके अश्लील वीडियो बनाता था और उन्हें वायरल करने की धमकी देकर पैसे वसूलता था। पुलिस के मुताबिक, गिरोह ने एक महिला को बंधक बनाकर उसका अश्लील वीडियो बनाया। इसके बाद उसे ब्लैकमेल कर 75 हजार रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर कराए गए, जबकि परिवार के सदस्यों से 30 हजार रुपए नकद वसूले गए। पूरे मामले का खुलासा शुक्रवार शाम पुलिस लाइन में एसपी आकाश पटेल ने किया। चार-पांच दिन पहले मिली थी शिकायत
    एसपी आकाश पटेल ने बताया कि पुलिस को चार-पांच दिन पहले एक महिला की शिकायत मिली थी। डाहिया निवासी महिला ने तहरीर में आरोप लगाया कि खुद को सीबीआई अधिकारी बताने वाली एक महिला ने उसके साथ मारपीट और गलत हरकतें कीं। इसके बाद उसका अश्लील वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल किया गया। महिला से ऑनलाइन 75 हजार और उसके परिवार से 30 हजार रुपए वसूले गए। चार आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
    पुलिस ने जांच के बाद चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनमें मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के सेमरा निवासी अंजली गुप्ता, प्रयागराज के शंकरगढ़ निवासी विजय कुमार गुप्ता उर्फ संजय गुप्ता उर्फ राकि, मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के हमीदपुर निवासी कृष्ण कुमार गुप्ता और रामनगर थाना क्षेत्र के सुजाबाद निवासी विशंभर विश्वकर्मा शामिल हैं। पहले एस्कॉर्ट सेवा चलाता था मुख्य आरोपी
    एसपी ने बताया कि जांच में कई अहम सुराग मिले हैं। पुलिस इनकी पड़ताल कर रही है। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी विजय कुमार गुप्ता उर्फ राकि पहले एस्कॉर्ट सेवा संचालित करता था। एसपी के अनुसार, एक एस्कॉर्ट महिला से ठगी का शिकार होने के बाद उसने महिलाओं को निशाना बनाकर इस तरह की घटनाओं को अंजाम देना शुरू किया। पुरानी घटनाओं की भी जांच शुरू
    पुलिस को आशंका है कि गिरोह ने पहले भी इसी तरह कई लोगों को अपना शिकार बनाया हो सकता है। एसपी ने बताया कि इस दिशा में भी जांच की जा रही है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और पूर्व की घटनाओं की जानकारी जुटाने में लगी है।
  • श्रावण पूर्णिमा पर काशी में सजा बाबा का रजत हिंडोला:चांदी के झूले पर सपरिवार विराजे बाबा विश्वनाथ, दर्शन को उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

    धार्मिक एवं सांस्कृतिक नगरी काशी में श्रावण पूर्णिमा के अवसर पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में सनातन परंपरा के अनुसार वार्षिक झूलनोत्सव का अत्यंत भव्य और अलौकिक आयोजन किया गया। इस पावन अवसर पर देवाधिदेव महादेव अपनी अर्धांगिनी माता पार्वती और पुत्र प्रथम श्री गणेश व कार्तिकेय के साथ सपरिवार चांदी के भव्य झूले पर विराजमान हुए। बाबा विश्वनाथ की इस दिव्य पंचबदन रजत चल प्रतिमा के सपरिवार दर्शन पाने के लिए विश्वनाथ धाम में तड़के से ही श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। देखिए तस्वीरें… टेढ़ीनीम स्थित महंत आवास से शुरू हुआ अनुष्ठान
    झूलनोत्सव की पारंपरिक शुरुआत टेढ़ीनीम स्थित विश्वनाथ मंदिर के महंत आवास से हुई। ब्रह्ममुहूर्त में वैदिक विद्वानों के आचार्यत्व में 11 भूदेवों ने बाबा की पंचबदन रजत प्रतिमा का दूध, दही, घी, शहद और गंगाजल से भव्य महाअभिषेक व विशेष पूजन-अर्चन संपन्न कराया। इसके पश्चात भगवान शिव, माता पार्वती और गणेश-कार्तिकेय का पारंपरिक ‘हरियाली शृंगार’ तथा राजसी शृंगार किया गया, जिसमें भांग, धतूरा, मदार, शमी पत्र और भांति-भांति के सुगंधित पुष्पों व मालाओं से बाबा को अलंकृत किया गया। शोभायात्रा के रूप में धाम पहुंचे बाबा
    सायंकाल पारंपरिक अनुष्ठानों और हर-हर महादेव व बम-बम भोले के गगनभेदी जयकारों के बीच बाबा विश्वनाथ की पंचबदन चल प्रतिमा को गाजे-बाजे और डमरू दल की थाप पर पूर्व महंत आवास से विश्वनाथ धाम लाया गया। डमरूओं की गूंज, शंखनाद और भजनों की धुनों से समूचा मंदिर परिसर शिवमय हो उठा। श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर पालकी का भव्य स्वागत किया। गर्भगृह में छह घंटे तक झूले पर दिया दर्शन
    धाम परिसर में पहुंचने के बाद सप्तऋषि आरती से पूर्व बाबा की पंचबदन चल प्रतिमा को श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के मुख्य गर्भगृह में स्थापित हिंडोले (झूले) पर विधि-विधान पूर्वक विराजमान कराया गया। झूले पर विराजमान शिव परिवार का दृश्य अत्यंत विहंगम और मनमोहक था। सप्तऋषि आरती के उपरांत झूलनोत्सव का दर्शन आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया, जो देर रात शयन आरती तक निरंतर जारी रहेगा। लगभग छह घंटे तक काशीवासियों और देश-विदेश से आए शिवभक्तों ने बाबा के इस अनूठे व दुर्लभ रूप के दर्शन कर सुख-समृद्धि और आरोग्य का आशीर्वाद प्राप्त किया।
  • मायके जा रही महिला ज्वेलरी से भरा पर्स भूली:आगरा पुलिस ने सीसीटीवी से खोजकर लौटाया, रक्षाबंधन पर बहन ने पुलिस भाईयों का जताया आभार

    रक्षाबंधन पर भाई को राखी बांधने जा रही महिला का लाखों का पर्स रास्ते में खो गया, लेकिन आगरा पुलिस ने उसकी राखी की खुशी फीकी नहीं होने दी। पिनाहट पुलिस ने सीसीटीवी और सर्विलांस की मदद से महज कुछ घंटों में पर्स खोजकर महिला को लौटा दिया। पर्स में सोने-चांदी के जेवरात और मोबाइल फोन था। एक महिला अपने मायके फतेहाबाद क्षेत्र के फरेरा गांव में भाई को राखी बांधने जा रही थी। रास्ते में वह पिनाहट के भदरौली कस्बे में चाऊमीन की दुकान पर रुकी। जल्दबाजी में वह अपना पर्स वहीं भूल गई और फरेरा पहुंच गई। फरेरा पहुंचने पर जब उसे पर्स की याद आई तो उसके होश उड़ गए। पर्स में सोने की चैन, मंगलसूत्र, कानों के झाले, नाक की बाली, चांदी की कमरबंद और मोबाइल फोन रखा था। कीमत करीब दो लाख रुपये बताई जा रही है। महिला ने तुरंत चौकी भदरौली थाना पिनाहट पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी ने महिला से उसके आने का पूरा रूट पूछा। पुलिस टीम ने भदरौली बाजार में लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगालना शुरू किया। सर्विलांस टीम को भी लगाया गया। जांच में पता चला कि महिला का पर्स चाऊमीन की दुकान पर ही छूटा है और दुकानदार ने उसे संभालकर रखा है। पुलिस ने दुकान पर पहुंचकर पर्स को कब्जे में लिया और जांच के बाद पीड़िता को थाने बुलाकर पूरा सामान सहित पर्स सौंप दिया। अपना सारा सामान सुरक्षित वापस पाकर महिला की आंखों में आंसू आ गए। उसने आगरा पुलिस का आभार जताया।
  • फ्री बस का वादा करके बस ही हटवा दी… अखिलेश का योगी सरकार पर हमला

    उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रक्षाबंधन पर महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा को लेकर योगी सरकार पर हमला बोला. उन्होंने योगी सरकार पर आरोप लगाया कि राज्य सरकार ने रक्षाबंधन पर महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा का पहले वादा किया, लेकिन बस ही हटवा दी. अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया एक्स पर एक वीडियो पोस्ट किया है, जिसमें महिलाएं कहती सुनाई दे रही हैं कि कहते हैं कि फ्री बस है, लेकिन दो घंटे हो गये हैं. अलीगढ़ जाना है, लेकिन कोई बस नहीं है. महिलाएं कह रही हैं कि वे इंतजार कर रही हैं, लेकिन कोई बस नहीं है. महिलाओं ने कहा कि भई पैसे ले लो, लेकिन बस तो चला दो.

    वीडियो में महिलाएं कहती हैं कि बस बिल्कुल नहीं है. उन्हें इंतजार करते हुए दो घंटे हो गए हैं, लेकिन बस नहीं है. वहीं, अन्य महिला कहती हैं कि वह एक घंटे से इंतजार कर रही हैं, लेकिन बस नहीं है.

    ने इसे ‘बे-बस बहन’ करार दिया और लिखा कि रक्षाबंधन पर मुफ्त बस का वादा करके बस ही हटवा दी! उन्होंने राम मंदिर चढ़ावा चोरी की घटना की ओर संकेत करते हुए लिखा कि प्राण जाए पर वचन न जाए कहनेवाले रघुवंशियों तक को ठग लेनेवाले ये भाजपाई क्या वचन निभाएंगे.

    योगी सरकार ने किया था फ्री बस सफर का ऐलान

    बता दें कि योगी आदित्यनाथ सरकार ने रक्षा बंधन के दौरान उत्तर प्रदेश में महिलाओं के लिए फ्री बस यात्रा की घोषणा की है. कहा गया था कि महिलाएं 27 अगस्त को सुबह 6 बजे से 29 अगस्त की आधी रात तक सरकारी रोडवेज बसों में फ्री यात्रा कर सकेंगी. हर महिला यात्री एक साथी के साथ भी फ्री यात्रा कर सकती है.

    यह सुविधा शहरी विकास विभाग द्वारा चलाई जाने वाली 900 से ज्यादा बसों में भी उपलब्ध होगी. रक्षाबंधन के अवसर पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को भीड़ को देखते हुए और बसें चलाने का निर्देश दिया था, लेकिन अखिलेश यादव ने वीडियो पोस्ट कर राज्य सरकार को मुफ्त बस के मुद्दे पर घेरा.

    स्व अंकित बालियान के पिता से अखिलेश ने की बात

    वहीं, अखिलेश यादव ने एक्स पर एक अन्य पोस्ट में लिखा, लोकप्रिय युवा गायक स्व अंकित बालियान के दुखी पिता से बात करके हमने उन्हें ये आश्वासन दिया कि इंसाफ की इस लड़ाई में हम हर क़दम पर उनके साथ हैं.

    उन्होंने लिखा कि रक्षाबंधन के ठीक पहले जिन बहनों ने अपना भाई खोया है और माता-पिता ने पुत्र उनका दुख अपार है. बालियान समाज भी अपने उभरते हुए सितारे को खोकर जितना व्यथित है, उसका वर्णन नहीं किया जा सकता है.

    उन्होंने कहा कि इस हत्याकांड में उप्र की भाजपा सरकार और उनके ठंडे पड़े सहयोगियों की निष्क्रियता और पक्षपातपूर्ण रवैये से पूरी तरह हताश संपूर्ण बालियान समाज के लोगों को हम विश्वास दिलाते हैं कि उनके साथ अन्याय नहीं होने देंगे. हमारे जन-प्रतिनिधि लगातार शोक-संतप्त परिजनों के संपर्क में रहकर उन्हें हर तरह की मदद करने के लिए हमेशा उपलब्ध रहेंगे. आज नहीं तो कल इंसाफ होगा, जब बदलाव होगा.

    –

  • चंदौली में चेन लूटकर फायरिंग करने वाले 4 बदमाश गिरफ्तार:गाड़ी रोककर तमंचे से चलाई गोली, गले से सोने की चेन छीनी

    चंदौली जिले में अलीनगर पुलिस और स्वाट टीम ने सोने की चेन लूटने और फायरिंग करने वाले चार शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इन्हें तारापुर आलमपुर अंडरपास के पास से दबोचा। आरोपियों ने 25 अगस्त की रात एक व्यक्ति की गाड़ी रोककर तमंचे से फायरिंग की और उसके गले से सोने की चेन लूट ली थी। पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने शुक्रवार को पुलिस लाइन में घटना का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि 25 अगस्त की रात करीब 9 बजे मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र की गल्ला मंडी निवासी सूर्यांश जायसवाल अपने दोस्त प्रशांत यादव और मोहित चौहान के साथ चार पहिया वाहन से एसएस हॉस्पिटल के पास पहुंचे थे। इसी दौरान बाइक सवार दो बदमाशों ने उनकी गाड़ी रोक ली। जान से मारने की नीयत से चलाई गोली
    आरोप है कि बदमाशों ने तमंचे से सूर्यांश को निशाना बनाकर फायरिंग की। इसके बाद उनके गले से सोने की चेन छीन ली और मौके से फरार हो गए। गोली लगने से सूर्यांश बाल-बाल बच गए। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। अंडरपास के पास घेराबंदी कर दबोचे
    वारदात के खुलासे के लिए अलीनगर पुलिस और स्वाट टीम को लगाया गया था। पुलिस ने जांच और मिले सुरागों के आधार पर तारापुर आलमपुर अंडरपास के पास घेराबंदी कर चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने सूर्यांश से फायरिंग और चेन लूट की घटना को अंजाम देने की बात स्वीकार की। गाजीपुर और चंदौली के रहने वाले हैं आरोपी
    पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गाजीपुर के करंडा थाना क्षेत्र निवासी राजकुमार दुबे, धीना थाना क्षेत्र के बभनियाव निवासी अमन गिरी, धानापुर थाना क्षेत्र के तीनमोकरम गांव निवासी कमलेश मिश्रा उर्फ पंकज मिश्रा और धीना थाना क्षेत्र के बभनियाव निवासी विनोद सिंह के रूप में हुई है। तीन तमंचे और दो बाइक बरामद
    पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटी गई सोने की चेन, तीन तमंचे और दो बाइक बरामद की हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपी विनोद सिंह के खिलाफ पहले से हत्या समेत पांच मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब आरोपियों के आपराधिक इतिहास और अन्य वारदातों में उनकी संलिप्तता की जांच कर रही है। एसपी ने टीम को दी बधाई
    कार्रवाई में अलीनगर थानाध्यक्ष गगनराज सिंह, स्वाट प्रभारी रामजन्म यादव समेत संयुक्त टीम के अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे। पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने टीम की कार्रवाई की सराहना करते हुए बेहतर कार्य के लिए बधाई दी।
  • बाइक डिवाइडर से टकराई, 2 मासूमों की मौत:मां-बाप समेत 3 घायल, भाई को राखी बांधने जा रहा था परिवार

    मुजफ्फरनगर में रक्षाबंधन पर शुक्रवार दोपहर भाई को राखी बांधने जा रहे परिवार के साथ कवाल के पास हादसा हो गया। पानीपत-खटीमा हाईवे पर तेज रफ्तार वाहन से बचने के दौरान बाइक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। बाइक पर सवार दंपती और उनके तीन बच्चे सड़क पर जा गिरे। हादसे में 4 साल का अभी और 3 साल की दीपिका की मौत हो गई। पिता कुलदीप, मां राखी और 8 साल का बेटा कुलबीर घायल है। भाई को राखी बांधने जा रही थी राखी रामराज क्षेत्र के पुट्ठी इब्राहिमपुर निवासी कुलदीप शुक्रवार दोपहर पत्नी राखी और तीन बच्चों के साथ बाइक से अलमासपुर जा रहे थे। राखी को अपने भाई को राखी बांधनी थी। बाइक पर 8 वर्षीय कुलबीर, 4 वर्षीय अभी और 3 वर्षीय दीपिका भी सवार थे। तेज रफ्तार वाहन से बचने में हुआ हादसा कुलदीप की बाइक कवाल गांव के पास हाईवे पर पहुंची थी। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार वाहन आया। उसे बचाने के प्रयास में बाइक का संतुलन बिगड़ गया। बाइक डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर के बाद सभी लोग सड़क पर दूर जा गिरे। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने लोगों की मदद से घायलों को एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया।सीएचसी में डॉक्टरों ने अभी और दीपिका को मृत घोषित कर दिया। कुलदीप, राखी और कुलबीर का इलाज शुरू किया गया। तीनों की हालत को लेकर परिजन चिंतित हैं। रक्षाबंधन की खुशियां मातम में बदलीं राखी अपने भाई को राखी बांधने के लिए बच्चों के साथ निकली थीं। रास्ते में हुए हादसे ने परिवार की खुशियां छीन लीं। दो बच्चों की मौत की खबर गांव पहुंचते ही शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे पुलिस ने दोनों बच्चों के शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए हैं। हादसे की जांच की जा रही है। पुलिस उस वाहन के बारे में भी जानकारी जुटा रही है, जिसे बचाने के दौरान बाइक अनियंत्रित हुई थी।
  • प्रयागराज में छात्राओं ने सैनिकों, पुलिसकर्मियों को बांधी राखी:देश सेवा के संकल्प के साथ मनाया रक्षाबंधन

    प्रयागराज के ज्वाला देवी सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज की छात्राओं ने रक्षाबंधन पर्व पर सेना के जवानों और पुलिसकर्मियों को राखी बांधी। इस आयोजन का उद्देश्य भाई-बहन के पारंपरिक रिश्ते के साथ राष्ट्रसेवा के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करना था। छात्राओं ने जवानों को मिठाई खिलाकर देश की सुरक्षा में उनके योगदान के लिए आभार जताया। प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भैया) शिक्षा प्रसार समिति द्वारा संचालित इस विद्यालय में रक्षाबंधन पर्व को उत्साह और सांस्कृतिक भावनाओं के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विशेष प्रार्थना सभा से हुई, जिसके बाद छात्र-छात्राओं ने रक्षाबंधन के महत्व पर आधारित गीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों के माध्यम से भाई-बहन के प्रेम, विश्वास और एक-दूसरे के प्रति जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. राकेश कुमार सिंह ने विद्यार्थियों को रक्षाबंधन के सांस्कृतिक, सामाजिक और राष्ट्रीय महत्व के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि यह पर्व केवल पारिवारिक नहीं, बल्कि भारतीय सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। यह भाई-बहन के अटूट प्रेम, विश्वास और समर्पण का प्रतीक है, जो हमें एक-दूसरे के प्रति उत्तरदायित्व और रक्षण की भावना के लिए प्रेरित करता है। आयोजन का मुख्य आकर्षण छात्राओं द्वारा भारतीय सेना के जवानों और पुलिस विभाग के अधिकारियों को राखी बांधना रहा। छात्राओं ने जवानों और पुलिसकर्मियों को राखी बांधकर और मिठाई खिलाकर देश की सुरक्षा तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने में उनकी सेवाओं के प्रति सम्मान और कृतज्ञता प्रकट की। विद्यालय की इस पहल से विद्यार्थियों में देशभक्ति, सेवा और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को बढ़ावा देने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर क्षेत्रीय सह संगठन मंत्री डॉ. राममनोहर, प्रदेश निरीक्षक शेषधर द्विवेदी, प्रधानाचार्य डॉ. राकेश कुमार सिंह, व्यवस्था प्रमुख दीपक यादव, संदीप, सरोज दुबे, कनक, आचार्या गरिमा और वसुंधरा सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
  • ससुराल जा रहे युवक की सड़क हादसे में मौत:सोनभद्र में पत्नी गंभीर, 13 साल का बेटा भी घायल; BHU ट्रॉमा सेंटर रेफर

    सोनभद्र के रॉबर्ट्सगंज कोतवाली क्षेत्र के सुकृत इलाके में रक्षाबंधन के दिन सड़क हादसे में बाइक सवार पति की मौत हो गई। हादसे में उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं, जबकि 13 वर्षीय बेटा भी चोटिल हुआ है। गंभीर हालत में महिला को वाराणसी स्थित बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है। बच्चे की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। वाराणसी-मुगलसराय के आलू मिल, नई बस्ती निवासी भगवान दास (36) अपनी पत्नी रेखा देवी (32) और 13 वर्षीय बेटे अजेंर जायसवाल के साथ बाइक से रॉबर्ट्सगंज स्थित ससुराल जा रहे थे। परिवार रक्षाबंधन का त्योहार मनाने के लिए शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे घर से निकला था। दोपहर 1 बजे हुआ हादसा
    परिजनों के मुताबिक, दोपहर करीब 1 बजे सुकृत इलाके में उनकी बाइक हादसे का शिकार हो गई। दुर्घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। स्थानीय लोगों की मदद से घायल परिवार को एंबुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। मौके पर ही भगवान दास की मौत
    भगवान दास के साढ़ू दिनेश यादव ने बताया कि उन्हें फोन से हादसे की जानकारी मिली। दुर्घटना में भगवान दास की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं गंभीर रूप से घायल रेखा देवी की हालत चिंताजनक होने पर चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए बीएचयू ट्रॉमा सेंटर वाराणसी रेफर कर दिया। बच्चे की हालत फिलहाल ठीक बताई जा रही है। त्योहार की खुशियां मातम में बदलीं
    रक्षाबंधन पर परिवार के साथ ससुराल जा रहे भगवान दास की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। त्योहार की खुशियां अचानक मातम में बदल गईं। हादसे से परिवार और रिश्तेदारों में गहरा सदमा है। अज्ञात वाहन की तलाश में जुटी पुलिस
    हादसा किस वाहन की टक्कर से हुआ, इसकी स्थिति अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है। रॉबर्ट्सगंज कोतवाली पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश कर रही है। कोतवाली प्रभारी धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि हादसे की जानकारी मिली है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, जबकि घायल महिला को बेहतर उपचार के लिए वाराणसी रेफर किया गया है। पुलिस दुर्घटना की जांच कर रही है।
  • रक्षाबंधन पर ट्रेनों में यात्रियों का सैलाब:प्रयागराज से दिल्ली की ट्रेनों में वेटिंग, वंदे भारत में 225 से ज्यादा वेटिंग

    रक्षाबंधन के मौके पर घर लौटने और त्योहार मनाने के लिए यात्रियों की भारी भीड़ ट्रेनों में उमड़ पड़ी है। शुक्रवार को प्रयागराज जंक्शन पर पहुंचने वाली अधिकांश ट्रेनों में यात्रियों का दबाव साफ नजर आया। प्रयागराज से दिल्ली जाने वाली प्रमुख ट्रेनों में लंबी वेटिंग लिस्ट के साथ कई ट्रेनों में ‘नो-रूम’ की स्थिति बन गई है। भीड़ का आलम यह रहा कि कई यात्री आरक्षित टिकट होने के बावजूद अपनी सीट तक नहीं पहुंच सके। कुछ ट्रेनों के स्लीपर और एसी कोचों में बिना आरक्षण वाले यात्रियों के घुस जाने से यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। रेल मंत्री से की शिकायत
    महानंदा एक्सप्रेस के एस-1 कोच में आरक्षित सीटों पर दूसरे यात्रियों के कब्जे की शिकायत यात्रियों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ के जरिए रेल मंत्री से की। वहीं उज्जैन से आने वाली एक ट्रेन के एसी कोच में भी बिना टिकट और बिना आरक्षण यात्रियों के प्रवेश से यात्रियों को असुविधा हुई। दिल्ली रूट की ट्रेनों में सबसे ज्यादा दबाव
    रेलवे के अनुसार प्रयागराज-दिल्ली रूट पर सबसे ज्यादा भीड़ है। प्रयागराज से दिल्ली जाने वाली दोनों वंदे भारत ट्रेनों में 225 से अधिक यात्रियों की वेटिंग चल रही है, जबकि राजधानी एक्सप्रेस में सीटें पूरी तरह भर चुकी हैं। इसके अलावा हमसफर एक्सप्रेस में 145 और प्रयागराज एक्सप्रेस में 184 यात्रियों की वेटिंग दर्ज की गई है। शिवगंगा, पुरुषोत्तम, नंदनकानन, पूर्वा, महाबोधि, पुरी, सीमांचल, नॉर्थ ईस्ट और ब्रह्मपुत्र एक्सप्रेस जैसी प्रमुख ट्रेनों में भी सीटें उपलब्ध नहीं हैं। मुंबई रूट की कई ट्रेनों में भी यही स्थिति बनी हुई है। रविवार को होगी असली परीक्षा
    रेलवे अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल यात्रियों की भीड़ लगातार बढ़ रही है और 30 अगस्त को वापसी यात्रा के दौरान सबसे अधिक दबाव रहने की संभावना है। अधिकारियों के मुताबिक असली चुनौती रविवार को सामने आएगी, जब बड़ी संख्या में लोग त्योहार मनाकर वापस लौटेंगे। 12 स्पेशल ट्रेनों का संचालन
    यात्रियों की सुविधा को देखते हुए रेलवे ने विभिन्न रूटों पर 12 विशेष ट्रेनों का संचालन शुरू किया है। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से समय से स्टेशन पहुंचने, आरक्षण टिकट साथ रखने और यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने की अपील की है, ताकि भीड़ के बीच यात्रा व्यवस्था सुचारु बनी रहे।
  • प्लास्टर गिरने के बाद एसएन में मरम्मत शुरू:50 साल पुरानी इमारतों में चल रहा कार्य, मरीजों की सुरक्षा पर प्रशासन का फोकस

    सरोजिनी नायडू मेडिकल कॉलेज में मरीजों और तीमारदारों की सुरक्षा को लेकर बड़े स्तर पर मरम्मत और रखरखाव का काम शुरू किया गया है। हाल ही में बाल रोग विभाग के बच्चा वार्ड में छत का प्लास्टर गिरने की घटना के बाद अस्पताल प्रशासन ने 50 साल से अधिक पुरानी इमारतों की मरम्मत और उनकी निगरानी तेज कर दी है। प्लास्टर गिरने की घटना के बाद एक बच्चे की मौत को लेकर भी आरोप लगे थे। हालांकि, एसएन मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने प्लास्टर गिरने से किसी की जान जाने से इनकार किया था। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता के अनुसार, जिस बच्चे को लेकर चर्चा हुई, वह पहले से गंभीर रूप से बीमार था और डॉक्टरों के प्रयास के बावजूद उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। उन्होंने बच्चे की मौत और प्लास्टर गिरने की घटना के बीच किसी संबंध से इनकार किया था। अब अस्पताल परिसर के जिन हिस्सों में मरम्मत की जरूरत है, वहां काम कराया जा रहा है। कॉलेज प्रशासन के अनुसार, एसएन मेडिकल कॉलेज की कई इमारतें 50 साल से अधिक पुरानी हैं। ऐसे भवनों का समय-समय पर निरीक्षण किया जाता है और जरूरत के अनुसार मरम्मत व रखरखाव कराया जाता है। पुरानी इमारतों पर लगातार नजर प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि पुराने भवनों की स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है। जहां भी मरम्मत की जरूरत सामने आ रही है, वहां प्राथमिकता के आधार पर काम कराया जा रहा है। प्रशासन का कहना है कि मरीजों, तीमारदारों और कर्मचारियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए भवनों के रखरखाव का काम आगे भी जारी रहेगा।